दुःख लगता है मुझे
जंगल को कटते देखते,
सह नही सकता अब मैं
जंगलो को उजड़ते देखते।
लोगो को समझाऊँगा,
जंगल का न नाश करो,
अपने ही जीवन पर
ऐसे न प्रहार करो।
जंगल हैं, हमारे जीवन की आश,
इनका न करो ऐसे विनाश,
इस विनाश को रोकना ही होगा
तब ही तो हमारा कुछ भविष्य होगा।
राज
Saturday, December 12, 2009
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