क्या करें, कहाँ जाएँ ?
अपने टपकते घर की व्यथा
किसको जाकर सुनाएँ.
घर में पानी, बहार में कीचड़,
चारो और ये हाल है.
बाहर जाने को तो मिलता नहीं
घर में भी बुरा हाल है.
दिन कईं बीत गए आज
ऐसे ही बारिश के चलते.
कहाँ जाये कुछ समझ नहीं आता
घर से बाहर निकल के ?
राज

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